रात में बाबा संग शराब पी रहा था युवक, सुबह झाड़ियों में दिखा हैरान कर देने वाला नज़ारा

शराब एक ऐसी चीज होती हैं जिसका यदि ज्यादा मात्रा में सेवन कर लिया जाए तो इंसान अपना होश खो बैठता हैं. आपको हजारो ऐसे उदाहरण देखने को मिल जाएंगे जहाँ व्यक्ति शराब के नशे में कुछ ऐसा काम कर गुजरता हैं जिसका पछतावा उसे बाद में होता हैं. दुनियां भर में होने वाले ज्यादातर अपराध भी शराब के नशे में किए जाते हैं. शराब के नशे में किया गया ऐसा ही एक अपराध उत्तराखंड के चमोली जिले में देखा गया हैं. यहाँ सतीश कुमार नाम का एक युवक रात में एक बाबा के साथ बैठ शराब और भांग का नशा कर रहा था. अगले दिन झाड़ियों में बाबा की खून से लतपत लाश पाई गई. आइए विस्तार से जाने क्या हैं पूरा मामला…

झाड़ियों में मिली बाबा की लाश

जानकारी के मुताबिक ये पूरी घटना उत्तराखंड के चमोली जिले के गैरसैण के सिलंगी गाँव की हैं. यहाँ पुलिस को एक स्थानीय व्यक्ति का कॉल आया था कि झाड़ियों के बीच एक अज्ञात बाबा की लाश पड़ी हुई हैं. सुचना मिलते ही क्षेत्राधिकारी मिथिलेश सिंह और थानाध्यक्ष रवीन्द्र नेगी पुलिस टीम संग घटना स्थल पर पहुँच गए. यहाँ उन्होंने घटना स्थल का अच्छे से निरिक्षण किया. लाश के सिर पर चोट के निशान थे. इसलिए उसे पोस्टमार्टम के लिए जिला चिकित्सालय गोपेश्वर भिजवा दिया गया. उधर जांच पड़ताल और गाँव के लोगो से पूछताछ के दौरान पुलिस को पता चला कि सिलंगी गाँव में एक बाबा पिछले तीन चार दिनों से सतीश कुमार नाम के शख्स के घर रह रहा था.

ऐसे मिले हत्या के सुराग

पुलिस जब सतीश कुमार के घर पहुंची तो उन्हें कई सुराग मिले. दरअसल यहाँ घर के बाहर ही खून के साथ घसीटे जाने के निशान थे. साथ ही घर के अन्दर की दीवारों पर भी खून खे छीटे देखे जा सकते थे. हालाँकि सतीश उस समय घर में नहीं था. वो फरार था. इन सबूतों से पुलिस को यकीन हो गया कि सतीश ने ही इस अज्ञात बाबा की हत्या की हैं. इसके बाद पुलिस सतीश की तलाश में जुट गई. उन्हें एक मुखबिर से पता चला कि सतीश चमोली जिले के ग्राम गडोली थाना गैरसैंण के पास देखा गया हैं. इस जानकारी के आधार पर पुलिस ने सतीश को ढूंढ के गिरफ्तार कर लिया.

मर्डर के वक़्त हत्यारा था नशे में

पूछताछ के दौरान सतीश ने बताया कि वो आए दिन चरस और भांग का नशा करता रहता हैं. तीन दिन पहले उसकी मुलाकात गाँव में आए बाबा विष्णु से हुई थी. सतीश विष्णु बाबा को अपने साथ घर ले आया था. यहाँ उन दोनों ने रात में खूब शराब और भांग पी. इसी दौरान सतीश और बाबा का किसी बात को लेकर झगड़ा हो गया था. जब झगड़ा हाथ पाई पर उतर आया तो सतीश ने बाबा की चिमटे और डंडे से पीट पीट कर हत्या कर दी. हत्या के बाद सतीश ने बाबा की लाश को राम गंगा नदी के किनारे झाड़ियों में छिपा दिया. सतीश के बयान के आधार पर पुलिस ने उसके खिलाफ हत्या से सम्बंधित धाराएं लगाकर मुकदमा आगे बड़ा दिया हैं.