प्रयागराज दौरे पर बाल-बाल बचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी… गाड़ी में छिपने पर हुए मजबूर

जैसा की हम सभी जानते है की  जल्द ही 2019 का चुनाव आने वाला है ऐसे में राजनैतिक पार्टियाँ अपने जीत की तैयारी में जी जान से लगी हुई है और  पीएम मोदी के इस दौरे को आम चुनाव 2019 से जोड़कर देखा जा रहा है। रायबरेली दौरे के बाद प्रधानमंत्री मोदी सोमवार (16 दिसबंर, 2018) को प्रयागराज पहुंचे थे जहां उनका स्वागत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किया। इस दौरान पीएम मोदी ने अगले साल जनवरी महीने में आयोजित होने वाले कुंभ मेले के सुरक्षा के निगरानी के लिए बनाए गए कमांड और कंट्रोल सिस्टम का उद्धाटन किया। इस खास मौके पर उनके साथ उत्तर प्रदश के राज्यपाल राम नाईक भी शामिल थे।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कमांड और कंट्रोल सिस्टम का उद्धाटन करने के बाद उन्होंने इस ऑफिस का निरीक्षण भी किया। बता दें कि यहां से 2019 में आयोजित होने वाले कुंभ मेला के चप्पे-चप्पे पर नजर रखी जाएगी। कुंभ मेला नियंत्रण कक्ष के उद्घाटन के बाद पीएम मोदी ने गंगा पूजन किया।यहां उनके साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष महेन्द्रनाथ पांडेय भी मौजूद रहे। पीएम मोदी यहां एक जनसभा को भी संबोधित कियाइसके साथ ही उन्होंने संगम क्षेत्र का भ्रमण भी किया।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी तीर्थराज प्रयाग में कुंभ के लिए केंद्र और प्रदेश सरकार की ओर से कराए जा रहे हजारों करोड़ रूपये की लागत वाले विकास कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास करने पहुंचे। प्रयागराज बनने के बाद पहली बार रविवार को मोदी का यह एक दिवसीय पहला दौरा है।प्रधानमंत्री  के इस दौरे के लिए प्रयाग राज में काफी अच्छा इंतजाम किया गया था लेकिन इसके बावजूद भी उनके साथ कुछ ऐसा हादसा हो गया जिस वजह से सभी सुरक्षा इंतजाम धरे के धरे रह गये और पीएम मोदी को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा |

दरअसल हुआ कुछ यूँ की जब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी अपने काफिले के साथ दौरा कर रहे थे तभी वहां अचानक से ही वहां सैकड़ों की संख्या में मधुमक्खियों  ने उनपर हमला बोल दिया जिसके वजह से सभी काफी घबरा गये और प्रधान मंत्री को जैसे तैसे वहां से हटाकर सुरक्षति स्थान पर ले जाया गया और इन मधुमक्खियों को हटाने के लिए जिला प्रशासन को खासी मशक्कत करनी।

दरअसल गंगा आरती करने के प्रधानमंत्री  कुम्भ मेले के आयोजन की तैयारियों का जायजा लेने ही जा रहे थे की पता नहीं कैसे एकदम से ढेर सारी मधुमक्खी उनके आसपास मंडराने लगीं और देखते ही  देखते इनकी संख्या बढती ही जा रही थी जिस वजह से वहां मौजूद सुरक्षा कर्मी काफी परेशान हो गये और उन्होंने सबसे पहले प्रधान मंत्री को उस जगह से हटाया और किसी तरह से उन्हें उनके  वाहन तक पहुँचाया तब जाकर किसी तरह से पीएम मोदी इस मुसीबत से बच पाए |

पीएम के अलावा उत्तर प्रदेश राज्यपाल राम नाईक, मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ, यूपी भाजपा चीफ महेंद्र नाथ पांडे और दूसरे वीवीआईपीस को भी अपने-अपने वाहन में शरण लेनी पड़ी। सुरक्षाकर्मियों को भी किसी सुरक्षित स्थान पर पनाह लेनी पड़ी। मामले में भाजपा के एक नेता ने बताया कि यह एक ऐसी समस्या थी जिसके बारे में पहले विचार नहीं किया गया। सोचा नहीं था कि मधुमक्खियां इस तरह से हमला कर देंगी। पीएम और अन्य वीवीआईपी लोगों को सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया था।