शाली का रातभर बॉयफ्रेंड से बात करना जीजा को नहीं था पसंद, फिर दिन एक उसे दबोचा और…

जब से भारत में मोबाइल फोन और काल दरें सस्ती हुई हैं तब से गर्लफ्रेंड और बॉयफ्रेंड की चांदी हो गई हैं. पहले लेनलाइन होने की वजह से लड़कियां बॉयफ्रेंड से छिपकर ज्यादा बाते नहीं कर पाती थी. लेकिन इस मोबाइल और जियो के जमाने में अब लड़कियां बिना किसी टेंशन के अपने बॉयफ्रेंड से घंटो बाते करती रहती हैं. वैसे तो किसी भी लड़की का अपने बॉयफ्रेंड से बाते करना एक पर्सनल मेटर होता हैं लेकिन कई बार लड़की के घर वालों को इससे बहुत दिक्कत होती हैं. वो लड़की को समझाते हैं, डाटते हैं, नहसियत देते हैं लेकिन इसके बावजूद लड़कियां प्यार में मजबूर होकर बॉयफ्रेंड से बातचीत करना बंद नहीं कर पाती हैं.

आमतौर पर देखा गया हैं कि ऐसे मामलो में लड़की का बाप, भाई या माँ उसे बॉयफ्रेंड से बात ना करने के लिए टोकता हैं. लेकिन दिल्ली में एक ऐसा हैरान कर देने वाला मामला सामने आया हैं जहाँ एक जीजा को उसकी शाली का अपने बॉयफ्रेंड से बात करना पसंद नहीं आता था. हद तो तब हो गई जब उसने अपनी शाली की इस आदत से तंग आकर गुस्से में उसके साथ एक बहुत ही घटिया हरकत कर दी. आइए विस्तार से जाने क्या हैं पूरा मामला…

जानकारी के मुताबिक ये पूरी घटना देश की राजधानी दिल्ली के वेलकम इलाके की हैं. यहाँ राम करण नाम का एक शख्स अपनी बीवी और शाली ज्योति (19) के साथ रहता था. ज्योति एक स्टूडेंट थी. कुछ दिनों पहले उसकी मुलाकात एक लड़के से हुई थी जिसके बाद वे दोनों करीब आ गए और गर्लफ्रेंड बॉयफ्रेंड बन गए. ज्योति अक्सर घर आने के बाद रात में अपने बॉयफ्रेंड से फोन पर बातें किया करती थी. हालाँकि उसके जीजा राम करण को शाली का फोन पर बॉयफ्रेंड से बातें करना रास नहीं आता था. इस बात को लेकर वो अक्सर अपनी शाली को टोकता रहता था. उधर राम करण की शाली अपने जीजा की बातों को नज़रअंदाज़ करती थी और बॉयफ्रेंड से बाते करना जारी रखती थी.

बीते मंगलवार की रात जब जीजा ने फिर से अपनी शाली को फोन पर बाते करने से मना किया तो शाली की जीजा से बहस हो गई. इन दोनों का झगड़ा हद से ज्यादा बढ़ गया. ऐसे में जीजा को इतना गुस्सा आया कि उसने कमरे में रखी लोहे की पतली राड़ उठा ली और शाली को दबोच राड़ से उसका गला दबा दिया. दम घुटने की वजह से शाली की मौके पर ही मौत हो गई.

हत्या वाली रात उसकी बीवी घर पर नहीं थी. वो बाहर गाँव गई हुई थी और बुधवार को वापस आने वाली थी. ज्योति को मौत के घाट उतारने के कुछ देर बाद राम करण ने बीवी को फोन लगा कर कहा कि ‘मैं तुम्हे लेने स्टेशन नहीं आ सकता हूँ क्योंकि मैंने तुम्हारी बहन की हत्या कर दी हैं.’

राम करण मर्डर के बाद अपनी शाली की लाश के पास करीब 4 घंटे तक बैठा रहा. काफी सोच विचार के बाद वो खुद डीसीपी ऑफिस गया और आत्मसमर्पण कर दिया. उसने पुलिस को बताया कि उसे शाली का बॉयफ्रेंड से बाते करना पसंद नहीं था इसलिए गुस्से में आकर उसने अपना आपा खो दिया और हत्या कर दी. पुलिस ने आरोपी के पास से दो मोबाइल फोन, एक स्कूटर और गला दबाने वाली लोहे की राड़ बरमाद की हैं.