शनिवार को करें ये चमत्कारी टोटके खुल जाएगा भाग्य!

आज शनिवार का दिन है। शनिवार को पीपल के पेड़ और उसकी पूजा का बहुत ही महत्व है। पीपल के पेड़ में देवताओं और पितरों का वास माना जाता है। शनिवार के दिन पीपल के पेड़ से जुड़े कुछ उपाय करने से आपकी हर समस्या दूर होगी, आपका मंदा चल रहा व्यापार फिर से गति पकड़ने लगेगा और आपके लंबे समय से अधूरे पड़े काम पूरे हो जायेंगे। साथ ही पीपल के पेड़ की पूजा से आपको जीवन में सारी खुशियां हासिल होंगी। आप किसी को भी अपनी ओर आकर्षित कर पायेंगे। आपको अपना प्यार मिलेगा और आपके ऊपर कभी कोई परेशानी नहीं आयेगी।

बिजनेस में हानि

अगर आपके बिजनेस में मंदी चल रही है और आपके काम की गति धीमी हो गई है तो शनिवार के दिन पीपल का एक पत्ता लेकर उसे साफ पानी से धोएं, चन्दन से उस पत्ते पर स्वस्तिक बनाये और अपने व्यापार की वृद्धि के लिये ध्यान करें। फिर इस पत्ते को अपनी तिजोरी में या आप जहां भी पैसे रखते हों, वहां पर रख दें। इस उपाय को आप लगातार 7 शनिवार तक करें। अगले शनिवार को तिजोरी में से पुराना पत्ता निकालकर नया रख दें और पुराने पत्ते को नदी में प्रवाहित कर दें।

काम में सफलता

अगर आपका कोई कार्य बहुत लंबे समय से किसी कारणवश पूरा नहीं हो पा रहा है तो उसे सिद्ध करने के लिये एक बड़ी-सी कील लें और पीपल के पेड़ के पास जाकर उसकी जड़ में मिट्टी के अन्दर कील ठोंक दें। ध्यान रहे पेड़ की जड़ में कील नहीं ठोकनी है, मिट्टी के अंदर ठोकनी है। कील गाडते समय आपका जो भी काम है, उसे पूरा करने के लिये पीपल के पेड़ से निवेदन करें। आपके कार्य जल्दी ही सिद्ध होंगे और जब आपका काम पूरा हो जाये तो उस कील को मिट्टी में से निकालकर बहते पानी में प्रवाहित कर दें।

खुशियों में बरकरार

अपने जीवन में खुशियां बरकरार रखने के लिये प्रत्येक शनिवार के दिन आटे का दीपक बनाकर उसमें सरसों का तेल डालकर दीपक जलाएं। तेल के दीपक में पड़ी हुई बत्ती लगानी चाहिए। दीपक जलाने के बाद पीपल के पेड़ को दोनों हाथों से स्पर्श करके अपने माथे पर लगाएं। आपकी खुशियां यूं ही बनी रहेंगी।

गलत काम से मुक्ति

अगर आपको अपने किसी पुराने काम का पछतावा हो और अब आप उस गलती को सुधारकर उसका पश्चाताप करना चाहते हैं तो शनिवार के दिन एक लोटा जल लें और उसमें थोड़ा-सा दूध, शक्कर, शहद और काले तिल डालकर पीपल के पेड़ की जड़ में डाल दें। साथ ही एक गुड़ की डली भी रख दें। यह उपाय आप लगातार पांच शनिवार तक करें। आपको मानसिक शांति प्राप्त होगी।

पितृ दोष से मुक्ति

पितर दोष से मुक्ति के लिये और उनका आशीर्वाद आपके ऊपर बना रहे, इसके लिये एक लोटे में जल लेकर उसमें दूध डालें। साथ ही 4 बताशे, 2 लौंग और कुछ काले तिल भी उसमें डाल लें। सुबह स्नान के बाद पीपल की जड़ में जलाभिषेक करें और ‘ऊँ नमो भगवते वासुदेवाय नमः’ मंत्र का 21 बार जाप करें।

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